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Yatharth Geeta - Raaga.com - A World of Music

Yatharth Geeta

40

Episodes

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प्राक्कथन
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीकृष्ण जिस स्तर की बात करते हैं, क्रमश: चलकर उसी स्तर पर खड़ा होनेवाला कोई महापुरुष ही अक्षरश: बता सकेगा कि श्रीकृष्ण ने जिस समय गीता का उपदेश दिया था, उस समय उनके मनोगत भाव क्या थे? मनोगत समस्त भाव कहने में नहीं आते। कुछ तो कहने में आ पाते हैं, कुछ भाव-भंगिमा से व्यक्त होते हैं और शेष पर्याप्त क्रियात्मक हैं– जिन्हें कोई पथिक चलकर ही जान सकता है। जिस स्तर पर श्रीकृष्ण थे, क्रमश: चलकर उसी अवस्था को प्राप्त महापुरुष ही जानता है कि गीता क्या कहती है। वह गीता की पंक्तियाँ ही नहीं दुहराता, बल्कि उनके भावों को भी दर्शा देता है; क्योंकि जो दृश्य श्रीकृष्ण के सामने था, वही उस वर्तमान महापुरुष के समक्ष भी है। इसलिये वह देखता है, दिखा देगा; आपमें जागृत भी कर देगा, उस पथ पर चला भी देगा। ‘पूज्य श्री परमहंस जी महाराज’ भी उसी स्तर के महापुरुष थे। उनकी वाणी तथा अन्त:प्रेरणा से मुझे गीता का जो अर्थ मिला, उसी का संकलन ’यथार्थ गीता’ है। – स्वामी अड़गड़ानन्द #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
प्रथम अध्याय (संशय-विषाद योग)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘संशय-विषाद योग’ नामक प्रथम अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
द्वितीय अध्याय (कर्मजिज्ञासा)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘कर्मजिज्ञासा’ नामक दूसरा अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
तृतीय अध्याय (शत्रुविनाश-प्रेरणा
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘शत्रुविनाश प्रेरणा’ नामक तीसरा अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
चतुर्थ अध्याय (यज्ञकर्म स्पष्टीक
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘यज्ञकर्म स्पष्टीकरण’ नामक चौथा अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
पञ्चम अध्याय (यज्ञभोक्ता महापुरु
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘यज्ञभोक्ता महापुरुषस्थ महेश्वर’ नामक पाँचवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
षष्ठम अध्याय (अभ्यासयोग)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्रविषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘अभ्यास योग’ नामक छठाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
सप्तम अध्याय (समग्र जानकारी)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘समग्र जानकारी’ नामक सातवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
अष्टम अध्याय (अक्षर ब्रह्मयोग)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘अक्षर ब्रह्मयोग’ नामक आठवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
नवम अध्याय (राजविद्या जागृति)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्रविषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘राजविद्या जागृति’ नामक नौवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
दशम अध्याय (विभूति वर्णन)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘विभूति वर्णन’ नामक दसवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
एकादश अध्याय (विश्वरूप-दर्शन योग)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘विश्वरूपदर्शन योग’ नामक ग्यारहवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
द्वादश अध्याय (भक्तियोग)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘भक्तियोग’ नामक बारहवाँ अध्याय पूर्ण। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
त्रयोदश अध्याय (क्षेत्र-क्षेत्रज
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्रविषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘क्षेत्र-क्षेत्रज्ञ विभाग योग’ नामक तेरहवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
चतुर्दश अध्याय (गुणत्रय विभाग योग
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘गुणत्रय विभाग योग’ नामक चौदहवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
पञ्चदश अध्याय (पुरुषोत्तम योग)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘पुरुषोत्तम योग’ नामक पन्द्रहवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
षोडश अध्याय (दैवासुर सम्पद् विभाग
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘दैवासुर सम्पद् विभाग योग’ नामक सोलहवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
सप्तदश अध्याय (ॐ तत्सत् व श्रद्धाê
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘ॐ तत्सत् श्रद्धात्रय विभाग योग’ नामक सत्रहवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
अष्टादश अध्याय (संन्यास योग)
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
श्रीमद्भगवद्गीतारूपी उपनिषद् एवं ब्रह्मविद्या तथा योगशास्त्र विषयक श्रीकृष्ण और अर्जुन सम्वाद ‘संन्यास योग’ नामक अठारहवाँ अध्याय। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
उपशम
Bhagavad Gita Hindi
access_time5 years ago
‘यथार्थ गीता’ एक क्रियानिष्ट महापुरुष द्वारा भगवान के निर्देशन पर की गई गीता की प्रत्यक्षानुभूत व्याख्या है। कई मूल प्रश्न जैसे कर्म, यज्ञ, वर्ण, वर्ण संकर, युद्ध, शरीर यात्रा, देवता, अवतार इत्यादि का स्पष्टीकरण केवल इसी टीका में देखने को मिलता है। यथार्थ गीता की चार छः आवृत्ति श्रद्धापूर्वक करते ही आप पायेंगे कि वह परमात्मा आपका मार्ग दर्शन करने लगा है। #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Preface
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
Truth is never extinct at any time-past, present or future, and the unreal has never any being. God is the only reality, eternal and immutable. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 1 - The Yog of Irresolution and Grief
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The First Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled: “Sanshay Vishad Yog’’, or ‘‘The Yog of Irresolution and Grief’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 2 - Curiosity About Action
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Second Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled: “Karm-Jigyasa,’’ or “Curiosity About Action.’’ #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 3 - Urging the Enemys Destruction
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Third Chapter, in the Upanishad of Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled: “Shatru Vinash-Prerna’’ or ‘‘Urging the enemy’s destruction’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 4 - Education of the Deed of Yagya
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Fourth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled: “Yagya Karma-Spashtikaran” or ‘‘Elucidation of the Deed of Yagya’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 5 - The Supreme God-Enjoyer of Yagya
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Fifth Chapter in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : ‘‘Yagya Bhokta Mahapurushasth Maheshwarah”, or ‘‘The Supreme God- Enjoyer of Yagya’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 6 - The Yog of Meditation
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Sixth Chapter in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled: “Abhyas Yog” or “The Yog of Meditation.” #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 7 - Immaculate Knowledge
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Seventh Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Discipline of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled: “Samagr Gyan’’, or ‘‘Immaculate Knowledge’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 8 - Yog with The Imperishable God
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Eighth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Discipline of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled “Akshar Brahm Yog”, or “Yog with the Imperishable God.” #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 9 - Stirring To Spiritual Enlightenment
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Ninth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Rajvidya Jagriti” or ‘‘Stirring to Spiritual Enlightenment’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 10 - An Account of God's Glory
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Tenth Chapter, in the Upanishad of the Shrimad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Discipline of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Vibhooti Varnan” or ‘‘An Account of God’s Glory’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 11 - Revelation Of The Omnipresent
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Eleventh Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Discipline of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Vishwroop Darshan Yog’’ or ‘‘Revelation of the Omnipresent’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 12 - The Yog Of Devotion
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Twelfth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Discipline of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled: “Bhakti Yog’’ or ‘‘The Yog of Devotion’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 13 - The Sphere Of Action And its Knower
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Thirteenth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Kshetr-Kshetragya Vibhag Yog’’ or ‘‘The Sphere of Action and its knower.’’ #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 14 - Division Of The Three Properties
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Fourteenth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Discipline of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Guntraya Vibhag Yog” or ‘‘Division of the Three Properties’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 15 - The Yog Of The Supreme Being
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Fifteenth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Discipline of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Purushottam Yog’’ or ‘‘The Yog of the Supreme Being’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 16 - The Yog Of Telling The Divine From The Demoniacal
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Sixteenth Chapter, in the Upanishad of the Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Daivasur Sampad-Vibhag Yog” or ‘‘The Yog of Telling the Divine from the Demoniacal.’’ #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 17 - The Yog Of Threefold Faith
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Seventeenth Chapter, in the Upanishad of Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun entitled : ‘‘OM Tatsat Shraddhatya Vibhag Yog’’ or ‘‘The Yog of Three Fold Faith’’. #Krishna #Mahabharata #Yoga #Meditation
Chapter 18 - The Yog Of Renunciation
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Eighteenth Chapter, in the Upanishad of Shreemad Bhagwad Geeta, on the Knowledge of the Supreme Spirit, the Science of Yog, is the Dialogue between Krishn and Arjun, entitled : “Sanyas Yog” or ‘‘The Yog of Renunciation’’.
Summary
Bhagavad Gita Kannada
access_time5 years ago
The Omnipotent, Immortal God abides in the heart of man, there is an ordained way of seeking refuge in him with intentness, for only in him one can a soul attain to a permanent shelter, everlasting peace, and eternal life.
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